December 2, 2022

Suyashgram.com

मासिक पत्रिका एवं वेब न्यूज़ पोर्टल

जान जोखिम में डालकर लोग हाथियों से कर रहे खिलवाड़, वन विभाग के मना करने के बाद भी दुर्घटना को दे रहे आमंत्रण

कोरबा

। आज रजगामार-केराकछार रास्ते पर आम जनता ने रास्ता पार कर रहे दो हाथी को बहुत छेड़ा जिससे दोनों हाथी उग्र होकर इन्हें दौड़ते रहे। छेड़ने वालो में आसपास से के लगभग 100 ग्रामीण थे जो जंगल के अंदर जाकर दोनों माँ बच्चे को गुलेल, पत्थर से मारते रहे और मजे लेते रहे जिससे वे दोनों बहुत ही विचलित थे और इनको दौड़ाते भी रहे।

वनविभाग का अमला भीड़ को शांत कराता रहा पर लोग उत्पात मचाते रहे और हाथियों के नजदीक जाकर मजे लेते रहे। पुलिस बल भी वहा पहुचा उसके बाद वनकर्मी और पुलिस मिल कर अपनी जान जोखिम में डालकर जंगल अंदर से लोगो को बाहर निकलती रही। कुछ ही दूर पर हाथी खड़े थे। पर वो रास्ता पार नही कर पाये। मौके पर उपवनमंडलाधिकारी मनीष कश्यप भी पहुचे। भीड़ के इस तरह से करने पर हाथी और भी ज्यादा उग्र हो रहे है।

हाथियों के पास इस तरह लोगो का जाना दुर्घटना को निमंत्रण देने जैसा है। हाथियों को चैन से रहने दे हाथियों के पास जाना आत्मदाह करने के समान है आत्मदाह करने ना जाएं हाथियों को परेशान करके उनके स्वभाव को उग्र ना होने दें

बता दें कि जंगल में हाथियों के समूह अगर बच्चे के साथ है तो वह कभी भी खतरनाक हो सकते हैं उन्हें अपने बच्चे वैसे ही प्यारे होते हैं जैसे मानव को अपने बच्चे प्यारे होते हैं। अकेली हथनी के साथ अगर बच्चा है तो वह और भी ज्यादा खतरनाक हो सकती है, अपने बच्चे की सुरक्षा के लिए वह किसी हद तक उग्र हो सकती हैं।

Spread the love

You may have missed