September 21, 2021

Suyashgram.com

मासिक पत्रिका एवं वेब न्यूज़ पोर्टल

हिन्दी है हम

14 सितंबर एक ऐसी तारीख है, जिस दिन हमेशा अंग्रेजी बोलने वाले ज्‍यादातर भारतीय भी हिंदी को याद कर लेते हैं । देशभर में हर साल 14 सितंबर को हिन्दी दिवस मनाया जाता है। मगर क्या आपको पता है कि इस तारीख को ही हिन्दी दिवस क्यों मनाया जाता है? आइये हम आपको बताते हैं इसकी वजह।

14 सितंबर 1949 को बनी राष्‍ट्र की आधिकारिक भाषा 6 दिसंबर 1946 को आजाद भारत का संविधान तैयार करने के लिए संविधान सभा का गठन हुआ। सच्चिदानंद सिन्हा संविधान सभा के अंतरिम अध्यक्ष बनाए गए। इसके बाद डॉक्टर राजेंद्र प्रसाद को इसका अध्यक्ष चुना गया। डॉ. भीमराव अंबेडकर संविधान सभा की ड्राफ्टिंग कमेटी (संविधान का मसौदा तैयार करने वाली कमेटी) के चेयरमैन थे। संविधान में विभिन्न नियम-कानून के अलावा नए राष्ट्र की आधिकारिक भाषा का मुद्दा भी अहम था। क्‍योंकि भारत में सैकड़ों भाषाएं और हजारों बोलियां थीं। काफी विचार-विमर्श के बाद हिन्दी और अंग्रेजी को नए राष्ट्र की आधिकारिक भाषा चुना गया। 14 सितंबर 1949 को संविधान सभा ने देवनागरी लिपि में लिखी हिन्दी को अंग्रेजी के साथ राष्ट्र की आधिकारिक भाषा के तौर पर स्वीकार किया। बाद में जवाहरलाल नेहरू सरकार ने इस ऐतिहासिक दिन के महत्व को देखते हुए हर साल 14 सितंबर को हिन्दी दिवस के रूप में मनाने का फैसला किया। पहला आधिकारिक हिन्दी दिवस 14 सितंबर 1953 को मनाया गया था।


Spread the love

You may have missed